भारत में 5G मोबाइल टावरों के EMF नियमों में बड़ा बदलाव, नेटवर्क कवरेज बढ़ाने की तैयारी
नई दिल्ली: भारत में 5G नेटवर्क के तेजी से विस्तार के बीच मोबाइल टावरों से संबंधित इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फील्ड (EMF) की अनुमत पावर डेंसिटी सीमा में बदलाव किया जा रहा है। नई व्यवस्था के तहत सीमा को 5 वॉट प्रति वर्ग मीटर से बढ़ाकर 10 वॉट प्रति वर्ग मीटर करने की तैयारी है। इसका उद्देश्य मोबाइल नेटवर्क की क्षमता और कवरेज को बेहतर बनाना तथा बढ़ते डेटा ट्रैफिक के अनुसार 5G सेवाओं का विस्तार करना है। अधिक अनुमत सीमा से टेलीकॉम कंपनियों को नेटवर्क संचालन और कवरेज सुधारने में मदद मिल सकती है। हालांकि, इसका यह मतलब नहीं है कि हर मोबाइल टावर की रेंज सीधे दोगुनी हो जाएगी या 3 किलोमीटर से बढ़कर निश्चित रूप से 7 किलोमीटर तक पहुंच जाएगी, क्योंकि वास्तविक नेटवर्क कवरेज टावर की ऊंचाई, फ्रीक्वेंसी बैंड, आसपास की इमारतों, भौगोलिक स्थिति और अन्य तकनीकी कारकों पर निर्भर करती है। इस बदलाव से देश में 5G नेटवर्क विस्तार को गति मिलने की उम्मीद है और Jio, Airtel तथा Vodafone Idea जैसी टेलीकॉम कंपनियों को भी बेहतर नेटवर्क योजना बनाने में सहायता मिल सकती है।







